आदर्श हिमाचल ब्यूरों
दाडलाघाट/ शिमला । अंबुजा–अदानी सीमेंट कंपनी की अनियंत्रित, अवैज्ञानिक एवं जानलेवा ब्लास्टिंग के विरोध में सीमेंट उद्योग व माइनिंग प्रभावित मंच के नेतृत्व में चल रहा धरना 40वें दिन में प्रवेश कर गया। क्रमिक भूख हड़ताल एवं धरना स्थल पर प्रभावित परिवारों की उपस्थिति निरंतर बनी हुई है। मंच की मांगें पूर्ववत हैं।इस सीरीज में अंबुजा–अदानी सीमेंट कंपनी द्वारा रात के समय की जा रही ब्लास्टिंग, अवैध माइनिंग, तथा प्रशासनिक अधिकारियों, कंपनी को बचाने वाले दलालों एवं राजनीतिक संरक्षण की विस्तृत सच्चाई वीडियो साक्ष्यों के साथ जनता के सामने लाई जाएगी।

संदीप ठाकुर ने कहा कि मंच की टीम द्वारा किए गए स्टिंग ऑपरेशन के दौरान कंपनी के कई ऐसे काले कारनामे कैमरे में रिकॉर्ड किए गए हैं, जिन्हें अब चरणबद्ध तरीके से सार्वजनिक किया जाएगा।
इन वीडियो के माध्यम से हिमाचल प्रदेश सरकार, स्थानीय जनप्रतिनिधियों, राजनीतिक दलों एवं प्रशासनिक अधिकारियों और अंबुजा–अदानी सीमेंट कंपनी के बीच की मिलीभगत को देश-दुनिया के सामने उजागर किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि एसडीएम अर्की द्वारा FIR के गंभीर मामले को बैठकों में बदलने और लगातार टालने की नीति से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।
मंच द्वारा पहले ही बैठकों के बहिष्कार और FIR दर्ज करने की मांग को लेकर जो रुख अपनाया गया था, अब जनता उसका खुलकर समर्थन कर रही है। लोगों का कहना है कि यह पूरी प्रक्रिया कंपनी को बचाने की एक सुनियोजित रणनीति है, जिसे अब आम जनता समझ चुकी है।
मंच ने आरोप लगाया कि अंबुजा–अदानी सीमेंट कंपनी एक बार फिर धड़ाधड़ ब्लास्टिंग कर रही है, जिससे घमारों गांव एवं धार–संघोई क्षेत्र के ग्रामवासियों की जान पर गंभीर खतरा बना हुआ है। इसके बावजूद न तो एसडीएम कार्यालय द्वारा कोई बैठक आयोजित की जा रही है और न ही कोई ठोस कार्रवाई की जा रही है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि प्रशासनिक व्यवस्था कंपनी को संरक्षण देने में प्रत्यक्ष रूप से शामिल है।
प्रभावित परिवारों एवं मंच की स्पष्ट मांग है कि—
कंपनी के साथ मिलीभगत रखने वाले अधिकारी तत्काल इस्तीफा दें,
अंबुजा–अदानी सीमेंट कंपनी के सभी बोर्ड ऑफ मेंबर्स के खिलाफ FIR दर्ज कर उन्हें बर्खास्त किया जाए,
घमारों गांव प्रकरण में तुरंत FIR दर्ज की जाए।
मंच ने स्पष्ट किया कि जब तक उपरोक्त मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक क्रमिक भूख हड़ताल एवं धरना अनिश्चितकाल तक जारी रहेगा। साथ ही, मंच यह भी स्पष्ट करता है कि स्टिंग ऑपरेशन के तहत रोज़ शाम एक वीडियो जारी कर अंबुजा–अदानी सीमेंट कंपनी और प्रशासनिक अधिकारियों की मिलीभगत को लगातार एक्सपोज़ किया जाएगा।











