‘आदर्श हिमाचल ब्यूरों
मनाली/शिमला। पीआईबी के सौजन्य से हिमाचल प्रदेश के दौरे पर आए ओडिशा के वरिष्ठ पत्रकारों के एक दल ने सीमा सड़क संगठन (BRO) के ‘प्रोजेक्ट योजक’ का दौरा किया और यहां किए जा रहे उच्च हिमालयी अवसंरचना कार्यों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।
बीआरओ अधिकारियों ने बताया कि ‘अटल टनल’ के निर्माण के बाद गठित प्रोजेक्ट योजक अब 10,000 फीट से अधिक ऊंचाई पर स्थित दुनिया की सबसे लंबी राजमार्ग सुरंग के रखरखाव के साथ-साथ कई नए रणनीतिक प्रोजेक्ट्स पर काम कर रहा है।
अधिकारियों ने प्रस्तुति के दौरान बताया कि BRO के जवान -30 डिग्री सेल्सियस तक गिरते तापमान, भारी बर्फबारी और कठिन हिमालयी परिस्थितियों में चौबीसों घंटे काम करते हुए मनाली–कीलोंग–लेह मार्ग को सालभर सुचारु रखने में जुटे रहते हैं।इस दौरान निम्मू–पदम–दरचा (NPD) मार्ग पर हो रही प्रगति को भी प्रमुखता से साझा किया गया।
#RoadConnectivity #AllWeatherRoad इसमें प्रस्तावित शिंकू ला टनल (लगभग 4–5 किलोमीटर लंबी) को एक महत्वपूर्ण परियोजना बताया गया। इसके पूरा होने के बाद लद्दाख के लिए जांस्कर घाटी के रास्ते तीसरा ऑल-वेदर मार्ग उपलब्ध होगा, जिससे लाहौल-स्पीति का मौसमी अलगाव खत्म होगा और पर्यटन व स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।
#ProjectYojak #Infrastructure मीडिया दल को अधिकारियों ने हाल के आपदा प्रबंधन के उदाहरण भी बताए गए जब मार्च 2026 के मध्य में अटल टनल के साउथ पोर्टल के पास भारी बर्फबारी के कारण 200 से अधिक वाहन फंस गए थे। BRO ने पुलिस और प्रशासन के साथ मिलकर त्वरित राहत अभियान चलाया और 12 घंटे के भीतर लगभग सभी वाहनों को सुरक्षित निकाल लिया।
इसी तरह, पिछले वर्ष अचानक आई बाढ़ से मनाली–कीलोंग हाईवे का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसे BRO के इंजीनियरों ने 12 घंटे से भी कम समय में बहाल कर दिया, जिससे इस महत्वपूर्ण मार्ग पर यातायात बाधित नहीं हुआ।
पत्रकारों ने विषम परिस्थितियों में कार्य कर रहे BRO के जवानों की प्रतिबद्धता और समर्पण की सराहना की। ‘प्रोजेक्ट योजक’ सीमावर्ती क्षेत्रों में मजबूत अवसंरचना विकसित करने और दूरदराज के हिमालयी इलाकों को हर मौसम में जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।#ProjectYojak #Infrastructure #RoadConnectivity #AllWeatherRoad #HimachalDevelopment #PublicInfrastructure #HimachalNews #AdarshHimachal











