आदर्श हिमाचल ब्यूरों
शिमला।राजीव गांधी राजकीय महाविद्यालय, (कोटशेरा), चौड़ा मैदान, शिमला में अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को विदाई देने के लिए भव्य समारोह “सयोनारा-2026” का आयोजन किया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कैप्टन रमेश्वर सिंह ठाकुर (सेवानिवृत्त आईपीएस), वर्तमान अध्यक्ष हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग, शिमला रहे। कार्यक्रम में पीटीए के उपाध्यक्ष राजेश ठाकुर भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। फ्रेशर-फेयरवेल समिति की संयोजक डॉ. पूनम किमटा चौहान ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया और कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने कहा कि यह समारोह विद्यार्थियों के जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, जहाँ वे महाविद्यालय की यादों को संजोते हुए अपने भविष्य की नई यात्रा की शुरुआत करते हैं।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों का संचालन प्रो. राज लक्ष्मी नेगी, डॉ. प्रियंका विंटा, डॉ. दिव्या शर्मा और प्रो. आस्था ठाकुर ने किया। मॉडलिंग प्रतियोगिता की जिम्मेदारी डॉ. नेहा कटोच और प्रो. सुष्मिता नेगी ने संभाली। सजावट समिति में डॉ. शिल्पा चौहान, डॉ. मिताली धरेला तथा प्रो. अनिल कुमार ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

मॉडलिंग प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में डॉ. वंदना ठाकुर -फैशन आइकन ,नताशा चौहान (मॉडलिंग ग्रूमर) तथा प्रोफेशनल एंकर और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर पवन ड्रागटा शामिल रहे। इस प्रतियोगिता में अंतिम वर्ष के 35 विद्यार्थियों ने भाग लेकर अपनी प्रतिभा और आत्मविश्वास का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने रैम्प वॉक, परिचय राउंड, टैलेंट राउंड तथा प्रश्न-उत्तर राउंड में भाग लिया। इसके अतिरिक्त अनिरुद्ध सूद द्वारा रैप प्रस्तुति, “बैंड ऑफ बॉयज़” की प्रस्तुति, मनन द्वारा पंजाबी गीत, हिमेश शर्मा का एकल गायन, पंजाबी भांगड़ा तथा ऋषि द्वारा गीत की प्रस्तुति ने समारोह को अत्यंत मनोरंजक बना दिया। अंत में विद्यार्थियों ने पारंपरिक पहाड़ी नाटी प्रस्तुत कर पूरे वातावरण को उत्साह और उल्लास से भर दिया।
मुख्य अतिथि कैप्टन रमेश्वर सिंह ठाकुर (सेवानिवृत्त आईपीएस) , वर्तमान अध्यक्ष हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग, शिमला ने अपने संबोधन में अपने छात्र जीवन की स्मृतियों को साझा करते हुए कहा कि युवा ही देश का भविष्य हैं और ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता का विकास करते हैं। उन्होंने कहा कि आज के आईटी युग में जानकारी के अनेक स्रोत उपलब्ध हैं, परंतु सही दिशा और मार्गदर्शन का होना अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने युवाओं को मोबाइल फोन और अत्यधिक स्क्रीन टाइम के नकारात्मक प्रभावों से सावधान रहने की सलाह देते हुए कहा कि जीवन में सफलता के लिए युवाओं को सबसे पहले अपनी रुचि , क्षमता और अनुशासन को समझना चाहिए। साथ ही चरित्र निर्माण, असफलता के भय से ऊपर उठना, मजबूत इच्छाशक्ति विकसित करना और जीवन में ऊँचा लक्ष्य निर्धारित करना अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने यह भी कहा कि आज के समय में केवल सरकारी नौकरियों तक सीमित रहने की आवश्यकता नहीं है, बल्कि विभिन्न क्षेत्रों में लाखों अवसर उपलब्ध हैं। युवाओं को अपनी प्रतिभा के अनुसार नए क्षेत्रों में भी आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को यह प्रेरणा दी कि वे अपने जीवन को उसी प्रकार आकार दें जैसे कुम्हार मिट्टी को आकार देता है। उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति और महान वैज्ञानिक A. P. J. Abdul Kalam का उल्लेख करते हुए कहा कि विद्यार्थियों की सफलता में शिक्षक और अभिभावकों दोनों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. गोपाल चौहान ने अपने संबोधन में कहा कि विदाई समारोह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं बल्कि विद्यार्थियों के जीवन का भावनात्मक और प्रेरणादायक क्षण होता है। उन्होंने अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि महाविद्यालय से प्राप्त शिक्षा, संस्कार और अनुभव उनके जीवन की सबसे बड़ी पूँजी हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे जहाँ भी जाएँ, अपने महाविद्यालय और प्रदेश का नाम रोशन करें।
प्राचार्य ने यह भी कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक युग में विद्यार्थियों को ज्ञान के साथ-साथ नैतिक मूल्यों, सामाजिक जिम्मेदारी और सकारात्मक सोच को भी अपनाना चाहिए। उन्होंने महाविद्यालय परिवार की ओर से मुख्य अतिथि का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनका मार्गदर्शन विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक रहा। प्राचार्य ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए आयोजन समिति की सराहना की, जिसमें संयोजक डॉ. पूनम किमटा चौहान, प्रो. राज लक्ष्मी नेगी, डॉ. प्रियंका विंटा, डॉ. शिल्पा चौहान, डॉ. दिव्या शर्मा, प्रो. मिताली धरेला, प्रो. सुजय कपिल, प्रो. अनिल कुमार, प्रो. सुष्मिता नेगी तथा डॉ. नेहा कटोच शामिल थे। उन्होंने कार्यक्रम के सुचारू संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले एनसीसी स्वयंसेवकों की भी विशेष रूप से प्रशंसा की।
मॉडलिंग प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने पूरे आत्मविश्वास और उत्साह के साथ भाग लिया। विभिन्न राउंड के बाद विजेताओं की घोषणा की गई। मिस्टर फेयरवेल का खिताब आर्यन चौहान को और मिस फेयरवेल का खिताब कोमल शर्मा को प्रदान किया गया।
प्रतियोगिता में प्रथम रनर-अप के रूप में नवीन और अंशुता ठाकुर को चुना गया, जबकि द्वितीय रनर-अप का स्थान अभिजीत और सृष्टि ठाकुर ने प्राप्त किया।
इसके अतिरिक्त अन्य विशेष खिताबों में मिस ब्यूटीफुल स्माइल का खिताब भूमिका को, मिस विवेशियस (Vivacious) का खिताब हर्षिता वर्मा को प्रदान किया गया। वहीं मिस्टर कॉन्फिडेंट का खिताब शुभम और मिस्टर डैपर का खिताब वरुण को मिला।
फेयरवेल कार्यक्रम में डीन स्टूडेंट वेलफेयर डॉ. पी.डी.कौशल तथा अन्य शैक्षणिक ,गैर- शैक्षणिक कर्मचारी और भारी संख्या में छात्र -छात्राएं मौजूद रहे |











