आदर्श हिमाचल ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने बताया कि जय गुरु जी इंटरप्रिज्सेस पटाखा फैक्ट्री में हुए ब्लास्ट के प्रबंधकों को गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने कहा कि सरकार हर संभव कार्यवाही कर रही है जो इस मामले में संलिप्त किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने बताया कि इस ब्लास्ट में 6 की मौत हुई 14 मजदूर घायल हो गए। जो चंडीगढ पीजीआई में उपचाराधीन है।
आज विधानसभा सदन में एक वक्तव्य में जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार ने मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख देने की घोषणा की। 15 हजार घायलों को दिए जायंगे। उन्होंने कहा कि प्रबंधक को गिरफ्तार कर लिया है। अन्य की धड़पकड़ की जा रही है। पटाखा फैक्ट्री को सील कर दिया गया है। मंडलायुक्त कांगड़ा जांच कर रहे हैं। उद्योग मंत्री स्वयं मौके ओर जाकर आए हैं। जल्द जांच के आदेश दिए गए है। आगे से ऐसी घटना न हो इसके लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि सभी लोगों को यथा संभव सहायता की जाएगी।
वहीं, विपक्ष के नेता मुकेश अग्निहोत्री ने हरोली क्षेत्र में हुए इस दुःखद हादसे पर कहा कि ये कारखाना पूर्ण रूप से अवैध चल रहा था जहां किसी तरह की कोई अनुमति नहीं ली गई थी। उन्होंने कहा कि कंपनी से 250 किलो विस्फोट बरामद हुआ। इस कारखाने को सिंगल विंडो में किस काम के लिए मंजूर किया गया। उद्योग विभाग के कर्मी कहां सोए हुए थे। सरकार का तंत्र क्या कर रहा था जहां 50 कर्मी काम कर रहे हैं उसके बारे जानकारी क्यो नहीं थी।
अग्निहोत्री ने कहा कि ये हत्या का मामला है दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जाए। इंवेस्टरमीट में निवेश करने के लिए अनुमति की छूट देकर ऐसे माफिया को बुलाया जा रहा है। मामले में मुख्य दोषियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए और इनकी संपत्तियों को जब्त किया जाए। डीजीपी एसआइटी के लिए संबंधित जिला के अधिकारियों को शामिल न करें।
वहीं, राकेश सिंघा ने सरकार को चेताया कि हिमाचल में निवेश हो लेकिन लाशों पर निवेश का कोई मतलब नहीं है। इतना बड़ा विस्फोट होता है तो सरकारी तंत्र कहां सोया हुआ था। सुखविंदर सुक्खू ने भी ऊना धमाके में सवाल खड़ा करते हुए सरकार से जवाब मांगा है।
इस पर उद्योग मंत्री विक्रम ठाकुर ने स्पष्टिकरण देते हुए बताया जिस व्यक्ति ने फैक्ट्री लगाई उसने बिजली-पानी तक का कनेक्शन नहीं लिया है। जो दोषी होंगे उनके खिलाफ कडी कार्यवाही होगी।











