आदर्श हिमाचल ब्यूरों
शिमला । एपीजी शिमला विश्वविद्यालय में छात्र कल्याण विभाग द्वारा डॉ. नीलम शर्मा के नेतृत्व में आयोजित तीन दिवसीय त्रिवेणी उत्सव का भव्य समापन वीरवार को मेडल की चमक, नाटी की थाप और रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ हुआ।
इस उत्सव में खेल प्रतियोगिताएं, पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यक्रम तथा विविध सांस्कृतिक प्रस्तुतियां मुख्य आकर्षण रहीं। समापन समारोह में हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग की सदस्य प्रो. डॉ. ममता मोक्टा ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की।
मुख्य अतिथि का विश्वविद्यालय परिवार द्वारा पुष्पगुच्छ, हिमाचली टोपी और शॉल भेंट कर स्वागत किया गया। प्रो. डॉ. ममता मोक्टा ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय में देश-विदेश के विभिन्न राज्यों से आए विद्यार्थी एक साथ अध्ययन कर रहे हैं, जो ‘अनेकता में एकता’ का सशक्त उदाहरण प्रस्तुत करता है और परिसर में ‘मिनी इंडिया’ की झलक दिखाई देती है।
उन्होंने कहा कि त्रिवेणी उत्सव की थीम—पर्यावरण, खेल और संस्कृति—समाज को महत्वपूर्ण संदेश देती है। पर्यावरण संरक्षण हमारी जिम्मेदारी है, खेल जीवन में अनुशासन और स्वास्थ्य का आधार है तथा संस्कृति हमें अपनी जड़ों से जोड़ती है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि केवल पुस्तकीय ज्ञान पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक ज्ञान और कौशल भी आवश्यक हैं।
मुख्य अतिथि ने विश्वविद्यालय के छात्रों द्वारा खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और होटल मैनेजमेंट विभाग द्वारा तैयार व्यंजनों की सराहना की। उन्होंने विजेताओं को ट्रॉफी, मेडल और प्रमाण पत्र प्रदान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
छात्र कल्याण विभाग की डीन प्रो. डॉ. नीलम शर्मा ने मुख्य अतिथि का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस उत्सव ने यह सिद्ध कर दिया है कि विश्वविद्यालय के विद्यार्थी शिक्षा के साथ-साथ खेल और कला में भी अग्रणी हैं। उन्होंने आयोजन की सफलता के लिए सभी प्रतिभागियों, समन्वयकों, स्वयंसेवकों और विश्वविद्यालय प्रबंधन का धन्यवाद किया।
समापन समारोह में कबड्डी, बॉक्सिंग, वॉलीबॉल, फुटबॉल, टेबल टेनिस, शतरंज, कैरम, लूडो और अन्य फन गेम्स के फाइनल मुकाबले आयोजित किए गए। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में पहाड़ी नाटी, गिद्दा, समूह गान, एकल नृत्य और कविता पाठ ने दर्शकों का मन मोह लिया, जिसमें हिमाचली नाटी विशेष आकर्षण रही।
खेल प्रतियोगिताओं में विभिन्न टीमों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत हासिल की, वहीं महिला वर्ग में कबड्डी और रस्साकसी के मुकाबले विशेष रूप से रोमांचक रहे।











